कोविड-19 महामारी से बचाव के लिए विचार गोष्ठी का आयोजन

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कोविड-19 महामारी से बचाव के लिए विचार गोष्ठी का आयोजन

 

रिपोर्ट- गिरीश त्रिपाठी
स्वतंत्र पत्रकार /मुख्य संवाददाता
आर पी एस समाचार

 उन्नाव
विकास खण्ड सिकंदरपुर सरोसी के ग्राम पतारी में स्वयं सेवी संस्था विकास भारती की टीम द्वारा नीति आयोग के निर्देशों के अनुपालन एवं जिला प्रशासन की प्रेणा से वैश्विक महामारी कोविड-19 के बढ़ते संक्रमण की रोकथाम हेतु विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें व्यैक्तिक स्वच्छता/सफाई के साथ-साथ आस- पास की स्वच्छता, चेहरे पर मास्क का आदतन नियमित प्रयोग, भीड़ वाले स्थानों पर आने -जाने से परहेज़, आपस में कम से कम दो गज की दूरी बनाये रखने का प्रयास, हाथों को साबुन से बार-बार नियमित 20सेकेण्ड तक धोने की आदत डालने की गई। सेनीटाइजर का नियमित प्रयोग पर जोर देते हुए बताया गया कि महामारी का संक्रमण जिस गति से विस्तारित हो रहा है उसमें इस महामारी से बचना एक गंभीर चुनौती है। इससे बचाव के लिए इस तरह की सजगता जरूरी है माक्स न होने की दशा में वैकल्पिक तौर पर गमछा आदि से मुंह ढका जा सकता है।संस्था के अध्यक्ष गिरिजेश पाण्डेय ने डिमांस्ट्रेशन द्वारा हाथ की विधिवत साबुन से सफाई का प्रदर्शन भी किया गया।संस्था के सदस्यों द्वारा उपस्थित लोगों के अलावा गांव में हाथ धोने हेतु साबुन का वितरण कराया गया।संस्था के नरेश पाल ने वर्षा जल संरक्षण व पर्यावरण पर समय रहते एकजुटता से काम करनेविकास खण्ड सिकंदरपुर सरोसी के ग्राम पतारी में स्वयं सेवी संस्था विकास भारती की टीम द्वारा नीति आयोग के निर्देशों के अनुपालन एवं जिला प्रशासन की प्रेणा से वैश्विक महामारी कोविड-19 के बढ़ते संक्रमण की रोकथाम हेतु विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें व्यैक्तिक स्वच्छता/सफाई के साथ-साथ आस- पास की स्वच्छता, चेहरे पर मास्क का आदतन नियमित प्रयोग, भीड़ वाले स्थानों पर आने -जाने से परहेज़, आपस में कम से कम दो गज की दूरी बनाये रखने का प्रयास, हाथों को साबुन से बार-बार नियमित 20 सेकेण्ड तक धोने की आदत डाले सेनीटाइजर का नियमित प्रयोग पर जोर देते हुए बताया गया कि महामारी का संक्रमण जिस गति से विस्तारित हो रहा है उसमें इस महामारी से बचना एक गंभीर चुनौती है इससे बचाव के लिए इस तरह की सजगता जरूरी है माक्स न होने की दशा में वैकल्पिक तौर पर गमछा आदि से मुंह ढका जा सकता है।संस्था के अध्यक्ष गिरिजेश पाण्डेय ने डिमांस्ट्रेशन द्वारा हाथ की विधिवत साबुन से सफाई का प्रदर्शन भी किया गया
संस्था के सदस्यों द्वारा उपस्थित लोगों के अलावा गांव में हाथ धोने हेतु साबुन का वितरण कराया गया ।संस्था के नरेश पाल ने वर्षा जल संरक्षण व पर्यावरण पर समय रहते एकजुटता से काम करने पर विस्तार से चर्चा की,उन्होंने विश्व जनसंख्या दिवस के समसामयिक अवसर पर निरंतर बढ़ती आबादी पर लोगों का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि खुशहाली का एकमात्र रास्ता जनसंख्या विस्फोट से बचना ही है !! संस्था के सदस्यों ने जलवायु ग्लोबल वार्मिंग पर जानकारी देते हुए प्राकृतिक संतुलन व जलवायु परिवर्तन पर भी विस्तार से चर्चा की उपस्थित प्रवासी नागरिकों ने जनवितरण प्रणाली में कोटेदार द्वारा किए गये भेदभाव पर व शासन की नीतियों को समान रूप से न अनुपालन होने पर आक्रोश व्यक्त किया!!
नागरिकों ने कहा स्वच्छता सफाई की बात तब तक अधूरी रहती है जब तलक नालों की सफाई न हो नालियों का पानी भरा रहता है जल निकासी का प्रबंध नही किया जाता नालियों का पानी सड़कों गलियारों में बहने से गन्दगी घरों में घुसती है और जल संक्रमण से तमाम जलजनित बीमारियाँ बढ़ने की संभावनाएं प्रबल हो जाती है।नागरिकों ने भीता तालाब से पतारी तक आने वाले नाले को सफाई करवाने की मांग रखी!! महामारी के जन अभियान को और अधिक व्यापक व प्रभावकारी बनाने हेतु कमलेश सिंह, विपुल सिंह, अरविंद वर्मा, अम्बिका प्रसाद मिश्र,जगवीर सिंह, सुनील सिंह दायित्व दिया गया !!गोष्ठी में कृष्ण पाल सिंह विनोद ब्रजेश सिंह, महेश
सिंह,राज किशोर अवस्थी महेंद्र पाल गोपाल कृष्ण ,राजेन्द्र अग्निहोत्री महेन्द्र पाल सिंह ने प्रभावकारी विचार प्रस्तुत किए!!गोष्ठी का सयोजन विपुल सिंह ने किया था विस्तार से चर्चा की,उन्होंने विश्व जनसंख्या दिवस के समसामयिक अवसर पर निरंतर बढ़ती आबादी पर लोगों का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि खुशहाली का एकमात्र रास्ता जनसंख्या विस्फोट से बचना ही है !! संस्था के सदस्यों ने जलवायु ग्लोबल वार्मिंग पर जानकारी देते हुए प्राकृतिक संतुलन व जलवायु परिवर्तन पर भी विस्तार से चर्चा की उपस्थित प्रवासी नागरिकों ने जनवितरण प्रणाली में कोटेदार द्वारा किए गये भेदभाव पर व शासन की नीतियों को समान रूप से न अनुपालन होने पर आक्रोश व्यक्त किया!!
नागरिकों ने कहा स्वच्छता सफाई की बात तब तक अधूरी रहती है जब तलक नालों की सफाई न हो नालियों का पानी भरा रहता है जल निकासी का प्रबंध नही किया जाता नालियों का पानी सड़कों गलियारों में बहने से गन्दगी घरों में घुसती है और जल संक्रमण से तमाम जलजनित बीमारियाँ बढ़ने की संभावनाएं प्रबल हो जाती है।नागरिकों ने भीता तालाब से पतारी तक आने वाले नाले को सफाई करवाने की मांग रखी!! महामारी के जन अभियान को और अधिक व्यापक व प्रभावकारी बनाने हेतु कमलेश सिंह, विपुल सिंह, अरविंद वर्मा, अम्बिका प्रसाद मिश्र,जगवीर सिंह, सुनील सिंह दायित्व दिया गया !!गोष्ठी में कृष्ण पाल सिंह विनोद ब्रजेश सिंह, महेश
सिंह,राज किशोर अवस्थी महेंद्र पाल गोपाल कृष्ण ,राजेन्द्र अग्निहोत्री महेन्द्र पाल सिंह ने प्रभावकारी विचार प्रस्तुत किए। का सयोजन विपुल सिंह ने किया था।

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